सोमवार, 15 अगस्त 2011

अखण्‍ड भारत को साकार करना हे तो सिन्‍ध की स्‍मृति बनाए रखनी होगी – लेखराज जी माधू





अखण्‍ड भारत को साकार करना हे तो सिन्‍ध की स्‍मृति बनाए रखनी होगी – लेखराज जी माधू

जोधपुर । १४ अगस्‍त २०११ का दिन जोधपुर के सिन्‍धी इतिहास में एक नई कहानी जोड गया । सभा की जोधपुर महानगर ईकाई द्वारा आयोजित जिला स्‍तरीय कार्यकर्ता सम्‍मेलन में अच्‍छी संख्‍या में कार्यकर्ताओं एवं सदस्‍यों ने भाग लेकर अपनी सक्रियता एवं सिन्‍धु सभा के सिद्वान्‍तों के प्रति अपनी प्रतिबद्वता को अभिव्‍यक्‍त किया । तीन सत्रों तक चले सम्‍मेलन को सम्‍बोधित करते हुए प्रथम सत्र में भारत माता,सिन्‍ध एवं भगवान झ्‍ूलेलाल के चित्रों पर पुष्‍पाहार एवं दीप प्रज्‍ज्‍वलन के पश्‍चात सभा के राजस्‍थान के अध्‍यक्ष लेखराज जी माधु ने अखण्‍ड भारत को अनिवार्य बताया एवं सिन्‍ध को पुन प्राप्‍त करना इसकी एक महत्‍वपूर्ण कडी । उन्‍होनें आह्रवान किया कि सिन्‍ध की स्‍मृति को न केवल अपने दिलों में संजोये रखें वरन नई पीढी तक इसे उसी गर्माहट के साथ पहुचाने का भी कार्य करना होगा । प्रथम सत्र में उन्‍होनें सिन्‍ध के गौरवमयी इतिहास की विस्‍तार से चर्चा की ।

सत्र के उत्‍तरार्ध में राष्‍टीय स्‍वयंसेवक संघ के विभाग प्रचारक श्री चन्‍द्रशेखर ने कार्यकर्ता के लिये अपेक्षित कार्यो की चर्चा की । उन्‍होनें कहा कि ध्‍येय को नहीं भूलना दिशा को सही रखना किसी भी संगठन के लिये अत्‍यन्‍त आवश्‍यक होता है ।

समागम के द्वितीय एवं सत्रों में सिन्‍धु सभा के उददेश्‍यों एवं इनकी प्राप्ति के लिये अपेक्षित प्रयासों पर समाज के गणमान्‍य बन्‍धुओं के साथ गहन विचार विमर्शकियागया ।

सिन्‍ध स्‍मृति दिवस

शाम को ०६-३० बजे प्रारम्‍भ हुए सार्वजनिक कार्यक्रम में तेज बारशि के बावजूद जनता ने उत्‍साह पूर्वक कार्यक्रम में भाग लिया । मुख्‍य वक्‍ता श्री लेखराज माधू ने सिन्‍धी भाषा, सिन्‍धी साहित्‍य एवं सिन्‍धी बोली को जिन्‍दा रखने की आवश्‍यकता पर बल दिया । सीमाजन कल्‍याण परषिद के राष्‍टीय संगठन मन्‍त्री श्री राकेश कुमार ने विश्‍वास दिइलाया की शीघ्र ही सिन्‍ध पाकिस्‍तान से अलग होगा । भारत को अखण्‍ड होता हम अपनी आंखों से देखेंगें ।

कार्यक्रम में सिन्‍धी संस्‍कृति के विकास के लिये उल्‍लेखनीय योगदान देने वालेनागरिकों का अभिन्‍न्‍दन किया गया । सिन्‍धी को तृतीय भाषा के रुप में लेने वाले बालकों को सम्‍मानित किया गया ।

कार्यक्रम में बडी संख्‍या में सिन्‍धी गणमान्‍य नागरिकोंने पूरे समय उपस्थित रह कर सिन्‍ध के प्रति अपनी स्‍मृति को दर्ज कराया ।

भारतीय सिन्‍धु सभा के सभी कार्यकर्ताओं ने अपनी दिन रात के परिश्रम से कार्यक्रम को सफ्‍ल बनाने में योगदान प्रदान किया ।

श्री तीरथ डोडवानी अध्‍यक्ष भारतीय सिन्‍धु सभा जोधपुर, डा प्रदीप गेहानी सचिव श्री अशोक मूलचन्दानी प्रदेश अध्यक्ष युवा ईकाई एवं श्री भरत आवतानी अध्यक्ष युवा इकाई जोधपुर महानगर ने कार्यक्रम में आए लोगों का आभार व्यक् किया

सिन्‍धु सभा की युवा ईकाई द्वारा लगाई चित्र प्रदर्शनी थी आकर्षण का केन्‍द्र

सिन्‍धु सभा की जोधपुर युवा इकाई द्वारा सिन्‍ध स्‍मृति दिवस पर सिन्‍ध की याद को ताजा रखनेके लिये आकर्षक चित्र प्रदर्शनी ने कार्यक्रम में आए सभी बन्‍धुओं का ध्‍यान आकर्षित किया । इस प्रदर्शनी में सिन्‍ध के महत्‍वपूर्ण स्‍थलों, सिन् के सन्तों शहीदों के साथ सिन्धी संस्कृति को चित्रों के माध्यम से सजीव किया गया प्रदर्शनी में सिन्धी बन्धु सिन् में अपने नगर ग्राम को ढूढते एंव अपने बच्चां को जानकारी देते नजर आए युवा ईकाई के इस प्रयास को सभी बन्धुओं द्वारा सराहा गया हाल ही में गठित महानगर की युवा इकाई की इस पहल ने ईकाई के गठन की सार्थकता सिृद्व की सिन्धी बन्धुओं में विश्वास दिलाया कि नई पीढी सिन् को भूली नहीं वरन्र दूने उत्साह से इसे जीवित रखने को कृत संकल्पित है

विश्व संवाद केन्द्र जोधपुर द्वारा प्रकाशित