बुधवार, 2 फ़रवरी 2011

सपनों से नहीं होगी देश की जय : भागवत

खबरे समाचारपत्रों से

संघ प्रमुखकी सीख सायंकालीन शाखा में की स्वयंसेवकों से बात, तीन दोस्तों की कहानी सुनाकर सिखाया पाठ


राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर संघचालक मोहन भागवत नेसीहत दी है कि सपनों से देश की जय नहीं होती। देश की जय करनी है तो धरातल पर कर्म करना होगा।

मंगलवार को अजमेर प्रवास के दौरान संघ प्रमुख नगरा क्षेत्र में सायंकालीन शाखा में स्वयंसेवकों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने शाखा में आए कुछ छोटे स्वयंसेवकों से पूछा कि वे शाखा में क्यों आते हैं? स्वयंसेवकों ने जवाब दिया-भारत माता की जय करने। भागवत का अगला सवाल था - रोजाना आते हो? स्वयंसेवकों का जवाब था- कभी-कभी। इस पर भागवत ने तीन दोस्तों की एक कहानी सुनाकर नसीहत दी।

भागवत ने कहा कि तीन पक्के दोस्त थे। जो हमेशा सपने देखते रहते थे। एक बार तीनों देशाटन के लिए निकले। रास्ते में एक जंगल आया। रात हो गई थी, इसीलिए जंगल में ही सो गए। सोते-सोते तीनों ने सपने देखे। एक को सपना आया कि उसकी शादी एक राजकुमारी से हो गई है और वह खूब मौज मस्ती कर रहा है। दूसरे दोस्त ने सपना देखा कि वह खूब साधन संपन्न हो गया। तीसरे दोस्त के सपने में एक राक्षस आया। वह तीनों को खाना चाहता था। उस दोस्त ने कहा कि मेरे दोस्तों को छोड़ दो, मुझे खा लो। लेकिन, राक्षस नहीं माना। उसने कहा वह तो तीनों को खाएगा। राक्षस का कहना था कि तुम तीनों मेरे घर की ओर पैर करके सोए हो, इसलिए सजा तो मिलेगी। घबराहट में तीनों के सपने टूट गए और उन्होंने खुद को बियाबान जंगल में ही पाया।

भागवत ने बच्चों को नसीहत दी कि केवल सपने देखने से कुछ नहीं हो सकता, कर्म का अपना अलग महत्व है। इसी प्रकार कभी-कभार शाखा में आने से भारत माता की जय का सपना पूरा नहीं हो पाएगा। हमें रोजाना आना पड़ेगा। भागवत के अजमेर प्रवास में जिन मुद्दों पर चिंतन होना है उनमें संघ की शाखाओं की घटती संख्या और नए स्वयंसेवकों का रुझान कम होना भी शामिल है। संघ प्रमुख शाखा में गए और नए स्वयंसेवकों से मुखातिब भी हुए। वे अजमेर प्रवास के दौरान दोनों समय शाखाओं में जाकर स्वयंसेवकों से मिलेंगे।

जनजागरण अभियान की अजमेर से होगी दिशा तय
दरगाह ब्लास्ट मामले में संघ के प्रचारकों व साधु-संतों को आरोपी बनाए जाने के मुद्दे पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ केंद्र सरकार को फिर से घेरेगा। संघ 13 फरवरी से देशभर में जनजागरण अभियान शुरू करेगा। इसके तहत आमजन को यह बताने का प्रयास किया जाएगा कि दरगाह, मक्का मस्जिद, समझौता एक्सप्रेस व मालेगांव ब्लास्ट में कांग्रेस संघ को बदनाम करने की नीयत से कार्रवाई कर रही है।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर संघचालक मोहन भागवत के पांच दिवसीय अजमेर प्रवास के पहले दिन जनजागरण अभियान की रूप-रेखा और नीति पर विचार-विमर्श किया गया। हालांकि संघ ने फिलहाल इस बारे में कोई अधिकृत बयान जारी नहीं किया है, माना जा रहा है कि दरगाह ब्लास्ट में संघ के प्रचारकों और राष्ट्रीय कार्यसमिति के सदस्य इंद्रेश कुमार का नाम आने के कारण संघ अजमेर से ही जागरण अभियान की दिशा तय कर रहा है। अभियान के अंतर्गत हिंदू संगठनों, साधु-संतों के नाम ब्लास्ट जैसी घटनाओं में जबरन घसीटने का संघ कड़ा विरोध करेगा।संघ के जनजागरण अभियान में राम जन्मभूमि, मंदिर निर्माण, कश्मीर में धारा 370 समाप्त करने जैसे मुद्दे भी शामिल किए गए हैं।
कड़ी सुरक्षा में संघ प्रमुख अजमेर पहुंचे : सर संघचालक भागवत मंगलवार को सुबह हरिद्वार-अहमदाबाद मेल से अजमेर पहुंचे। स्टेशन पर संघ पदाधिकारियों ने उनका स्वागत किया। भागवत पुख्ता सुरक्षा इंतजाम के बीच धौलाभाटा स्थित पूर्व नगर कार्यवाह नंदलाल के निवास पर पहुंचे। इस दौरान संघ के क्षेत्रीय प्रचारक दुर्गादास, चित्तौड़ प्रांत के सह प्रचारक मुरली, हिंदू जागरण मंच के प्रांतीय संयोजक सुभाष गहलोत, महानगर कार्यकारिणी के पदाधिकारी जगदीश राणा सहित महानगर कार्यकारणी के अन्य सदस्य मौजूद थे। भागवत के साथ छह वरिष्ठ पदाधिकारी भी आए हैं। दोपहर बाद भागवत संघ द्वारा संचालित शहीद अविनाश माहेश्वरी विद्यालय पहुंचे। इसी विद्यालय में भागवत पांच दिन तक संघ के विभिन्न संगठनों की बैठकें लेंगे।

पांच दिवसीय प्रवास पर भागवत अजमेर पहुंचे

अजमेर। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सरसंघ चालक मोहनराव भागवत मंगलवार सुबह अजमेर पहुंचे। भगवान गंज स्थित शहीद अविनाश माहेश्वरी विद्यालय में मंगलवार से ही पांच दिवसीय संगठनात्मक बैठकों का दौर शुरू हो गया।

हरिद्वार-अहमदाबाद मेल से संघ प्रमुख भागवत सुबह पहुंचे। रेलवे स्टेशन से वे पुलिस और संघ की सुरक्षा व्यवस्था के बीच धौलाभाटा स्थित स्वयं सेवक के निवास पर पहुंचे। जहां उनका पांच दिन रहने का कार्यक्रम है।

नित्यकर्म और विश्राम के बाद भागवत दोपहर सवा तीन बजे अविनाश माहेश्वरी विद्यालय पहुंचे। विद्यालय में क्षेत्रीय प्रचारक दुर्गादास, क्षेत्रीय कार्यवाह हनुमान सिंह और क्षेत्रीय संघ चालक के साथ राजस्थान में संघ के स्वयं सेवकों, संघ की गतिविधियों और संघ के विविध क्षेत्र के संगठनों की स्थिति पर चर्चा की। निवास स्थल पर उन्होंने क्षेत्रीय प्रचारक दुर्गादास, प्रांत प्रचारक गजेन्द्र कुमार और विद्यार्थी प्रमुख विश्वजीत आदि से बातचीत की। स्टेशन पर विभाग प्रचारक मुरली, जगदीश राणा आदि भी मौजूद थे।

स्वयं सेवक के घर रहेंगे
भागवत अजमेर प्रवास के दौरान स्वयं सेवक भारत भूषण राजोरिया के धौलाभाटा स्थित निवास पर रहेंगे। भारत भूषण के पिता नंदलाल राजोरिया भी वरिष्ठ स्वयं सेवक रहे हैं।

मीडिया को नहीं प्रवेश की अनुमति
आरएसएस के सरसंघ चालक के पांच दिवसीय अजमेर प्रवास के दौरान संघ ने मीडिया से दूरी बनाए रखने का निर्णय किया है। एक से पांच फरवरी तक अविनाश माहेश्वरी स्कूल में चलने वाली बैठकों में पत्रकारों और फोटो जर्नलिस्ट को भी प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई है। संघ ने फिलहाल तय किया है कि पांच फरवरी को आजाद पार्क में होने वाले सार्वजनिक संबोधन कार्यक्रम में भी मीडिया को प्रवेश नहीं दिया जाए।

संघ सेना मुस्तैद!
सरसंघ चालक की सुरक्षा व्यवस्था में यहां मुस्तैद हिन्दू जागरण मंच के कार्यकर्ता "संघ सेना" के जवान नजर आए। मंच के कार्यकर्ता और पदाधिकारियों को स्वेटर और टोपी गणवेश के रूप में वितरित किए गए हैं। यह गणवेश भारतीय सेना की वर्दी से मिलती-जुलती नजर आती है। भागवत के निवास स्थल और आयोजन स्थल पर भी सुभाष गहलोत के नेतृत्व में "संघ सेना" के जवान ही तैनात हैं। भागवत को स्टेशन से भी इसी "संघ सेना" के जवान सुरक्षा घेरे के लेकर आए।

पुलिस का पहरा
भागवत की सुरक्षा के लिए जिला पुलिस भी पूरी तरह मुस्तैद है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक समीर कुमार सिंह, अलवर गेट थाना प्रभारी गुमानाराम और सीआईडी के अधिकारियों ने निवास स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उनके निवास स्थल के बाहर और छत पर चौबीस घंटे पुलिस के हथियारबंद सुरक्षा जवान तैनात रहेंगे।

विश्व संवाद केन्द्र जोधपुर द्वारा प्रकाशित