गुरुवार, 6 जनवरी 2011

तीन दिन तक तीन पीढ़ी वाले परिवार के साथ रहेंगे स्टूडेंट एक्सपीरियंस इन इंटर-स्टेट लिविंग की पहल


जोधपुर मारवाड़ की अपणायत और संस्कृति की छाप पूरे देश में मशहूर है। यही वजह है कि लोगों में यहां के रहन-सहन तथा परिवेश के बारे में नजदीक से जानने की उत्कंठा रहती है। यहां दादा-पोते सहित तीन पीढिय़ां संयुक्त परिवार में एक साथ किस तरह से रहती हंै, इसको नजदीक से देखने के लिए देश के सात राज्यों का छात्र प्रतिनिधिमंडल अपने तीन दिवसीय दौरे पर 8 जनवरी को जोधपुर आएगा।

स्टूडेंट एक्सपीरियंस इन इंटर-स्टेट लिविंग (सैल) देश के पूर्वी क्षेत्र के आसाम, मणिपुर, नागालैण्ड, मिजोरम, सिक्किम, त्रिपुरा व मेघालय विवि में अध्ययनरत छात्रों को जोधपुर की संस्कृति और परंपरा से रूबरू करवाने के लिए 8 जनवरी को जोधपुर बुलाएगी। इस दल में 33 विद्यार्थी आएंगे। इस दौरे की खासियत यह होगी कि सभी छात्र तीन दिन तक जोधपुर के 33 ऐसे संयुक्त परिवारों में रहेंगे, जहां पर दादा-पोते की पीढिय़ां एक साथ रहती हैं। इस दौरान ये छात्र यहां के खान-पान, बोली और संयुक्त परिवार की दिनचर्या के साथ मारवाड़ की अपणायत को नजदीक से देखेंगे और सीखेंगे

स्त्रोत : http://epaper.bhaskar.com/epapermain.aspx?eddate=1%2f6%2f2011&edcode=17

विश्व संवाद केन्द्र जोधपुर द्वारा प्रकाशित