बुधवार, 14 अक्तूबर 2009

खबरे विश्व मंगल गोऊ ग्राम यात्रा की

गौ हत्या भारतीय संस्कृति पर आघात
बदायूं। विश्व मंगल गौ ग्राम यात्रा आज शहर में घूमी। शहर में जगह-जगह यात्रा का स्वागत किया गया। यहां गांधी ग्राउण्ड में सैकड़ों लोगों ने गौ संरक्षण का संकल्प लिया। वक्ताओं ने गौ हत्या पर आक्रोश व्यक्त करते हुए इस पर अंकुश लगाने की मांग उठाई। गौ वंश की महत्ता बताते हुए गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किये जाने पर जोर दिया गया। गांधी ग्राउण्ड में हुयी सभा में मां लखेश्वरी देवी धाम श्रीराम आदर्श परिवार की संस्थापिका/अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय धर्म प्रवक्ता साध्वी हेमलता मुद्गल ने कहा कि गौ हत्या भारतीय संस्कृति पर आघात है। देश में प्रतिदिन एक लाख से अधिक गायें काटी जा रही हैं। गाय की सुरक्षा के लिए अब हमें सिर्फ आंदोलन का दिखावा करने की जरूरत नहीं बल्कि गौ रक्षा का संकल्प लेकर सभी को कमान खुद संभालनी होगी। गौ वंश हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगने पर ही देश में खुशहाली आएगी। यात्रा के प्रांतीय मार्ग दर्शक समिति के सदस्य एवं विहिप के केन्द्रीय मार्ग दर्शक मण्डल सदस्य विजय ब्रह्मचारी ने कहा कि भारत एक परिवार है। गायत भारत की माता है। पुत्र मां के अपमान को कभी सहन नहीं करते। गाय को कटते देखते रहना भी हमारे लिए पाप है। गो विज्ञान अनुसंधान केन्द्र नागपुर से आए यात्रा के राष्ट्रीय सचिव सुनील कुमार ने कहा कि देश की खुशहाली एवं आत्म शांति गौ माता की सेवा से ही प्राप्त हो सकती है। उन्होंने सभा में उपस्थित सैकड़ों लोगों गौ संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प कराया। इससे पूर्व बिनावर में सुरेश सिंह की अगुवाई में लोगों ने यात्रा का स्वागत किया। यहां से सैकड़ों की संख्या में बजरंग दल, विद्या भारती के कार्यकर्ता रैली के साथ बदायूं पहुंचे। खेड़ा नवादा पर भी इस यात्रा का भव्य स्वागत किया गया। टिकट गंज, सर्राफा बाजार, खैराती चौक, छह सड़का होते हुए यात्रा गांधी ग्राउण्ड पहुंचकर सभा में परिवर्तित हो गयी। विश्व मंगल गौ ग्राम यात्रा समिति के अध्यक्ष गोपी कृष्ण कयाल एवं जिला संयोजक जोगपाल सिंह ने गौ माता का पूजन कर आरती उतारी।

शंकराचार्य ने गोवंश को लेकर लोगों को किया सचेत

एटा। जगद्गुरू शंकराचार्य स्वामी राघवेश्वर भारती महाराज ने कहा कि गोवंश को जाति के कसाइयों से नहीं, बल्कि दिल के कसाइयों से बचाना है, इन्हीं से गोवंश को खतरा है। शंकराचार्य कासगंज के प्रभु पार्क में आयोजित जनसभा को सम्बोधित कर रहे थे।
विश्व मंगल गो ग्राम यात्रा के कासगंज पहुंचने पर नगर के प्रभु पार्क में जनसभा आयोजित हुई। उक्त जनसभा में गोकरण पीठ के शंकराचार्य स्वामी राघवेश्वर भारती महाराज ने लोगों से आह्वान किया कि वे गोवंश के संरक्षण का संकल्प लें। उन्होंने गो मूत्र असाध्य रोगों का उपचार है। गो के दूध पीने से मन शुद्ध होता है और तन की मलिनता समाप्त होती है।
शंकराचार्य ने कहा कि हिन्दू धर्म में गो का स्थान माता के समान है और यह मात्र कहने की बात नहीं, प्रत्येक हिन्दू के हृदय में गो माता की तरह विराजमान है। उन्होंने कहा कि और कोई भी पुत्र अपनी माता के साथ अन्याय होते नहीं देख सकता। उन्होंने कहा कि देखने को मिलता है कि गौवंश की तस्करी बढ़ती जा रही है। उन्होंने कहा कि इसके लिए हम स्वयं दोषी हैं। हम में जागरूकता की कमी है।
जगद्गुरू शंकराचार्य ने हिन्दूवादियों से हाथ उठाकर गौवंश के संरक्षण का वचन लिया। इस मौके पर शंकराचार्य के शिष्य एवं फिल्मी दुनिया के सितारे सुरेश ओबराय, विश्व हिन्दू परिषद के प्रदेश अध्यक्ष प्रमोद जाजू ने अपने विचार व्यक्त किए। सभा में श्री जाजू ने कहा कि जब तक हम नहीं जागते तब तक शोषण और उत्पीड़न सहना होगा। उन्होंने हिन्दूवादियों से आह्वान किया कि जागो और धर्म की रक्षा के लिए आगे आओ। इस मौके पर बड़ी तादाद में बजरंग दल, विश्व हिन्दू परिषद, भारत विकास परिषद, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, हिन्दू जागरण मंच के कार्यकर्ताओं के अलावा नगर के गणमान्य नागरिक एवं हिन्दूवादी जनता मौजूद थी।
जनसभा के उपरान्त जगद्गुरू शंकराचार्य का उद्योगपति एवं समाजसेवी सुभाष अग्रवाल के आवास पर स्वागत किया गया। महिलाओं ने आरती उतारी, पूजा-अर्चना की। श्री अग्रवाल के आवास पर सद्गुरू शंकराचार्य ने पूजन-अर्चन किया।


भारत देश ही गोमांस का सबसे बडा निर्यातक : देव ऋषि महाराज

हल्द्वानी, अक्तूबर १२ - महामंडलेश्वर देव ऋषि महाराज जूना अखाडा ने विश्व मंगल गो ग्राम यात्रा के लिए हल्द्वानी के रामलीला ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि यह अत्यंत दुःखद है कि भारत में माँ का दर्जा पाने वाली गोमाता के मांस का सबसे बडा निर्यातक भारत है । उन्होंने कहा कि चंद रूपयों के लालच में आकर देशवासी माँ समान गोमाता को गलत हाथों में बेच देते हैं लेकिन वे यह तनिक भी नहीं विचार करते की जीवन भर हमारी सुख समृद्धि की दात्री गोमाता के मृत्यु का अधिकार भी छीन लेते हैं ।
देव ऋषि महाराज ने कहा कि आज देश में लगातार गोहत्या बढ्ती जा रही है लेकिन आजादी के इतने सालों बाद भी गो संरक्षण के लिए कोई अधिनियम नही बन सका है । उन्होंने कहा कि आज विश्व प्राकृतिक विनाश की ओर बढ रहा है जिसको बचाने का एक मात्र उपाय गोवंश की रक्षा है ।
देव ऋषि महाराज ने कहा कि यदि गाय को सर्वधर्म जानते हुए भी नही पूजेंगे तो विश्व का अमंगल निश्चित है । उन्होंने कहा कि विश्व का मंगल तभी संभव है जब हम सभी प्रकृति, गाय और ग्राम की ओर चलें ।
साध्वी हेमलता मुद्गल ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि गाय को समस्त कामनाओं की पूर्ति करने वाली कामधेनु माँ कहा जाता है । उन्होंने कहा जीवन भर हमें सुख शांति प्रदान करने वाली गोमाता आज संकट में है । गो माता के प्रति आज हमारा नजरिया बदल गया है । हम नकल का अनुसरण करतें हुए असल की पहचान करना भूल चुके हैं । तभी तो आज देश में देशी गोपालन की अपेक्षा विदेशी गायें अधिक पाली जाती हैं । साध्वी जी ने कहा कि गोसंवर्धन के लिए आवश्यक है कि हम गोमाता के प्रति पहले जैसा स्नेह, प्रेम, श्रद्धा और विश्वास रखें तथा गोसंरक्षण के संकल्प को किसी भी प्रकार से जीवन में क्रियान्वयन करें ।
विश्व मंगल गो ग्राम यात्रा आज सुबह मुरादाबाद से चल कर हल्द्वानी पहुंची जहाँ गो भक्तों द्वारा यात्रा का भव्य स्वागत किया गया । गो ग्राम यात्रा के लिए आयोजित कार्यक्रम में हजारों की संख्या में गोभक्तों ने संतों का आशीर्वचन प्राप्त करते हुए गोसंरक्षण का संकल्प भी लिया ।

विश्व संवाद केन्द्र जोधपुर द्वारा प्रकाशित